दिशा ज्ञान (Direction Sense) के सवालों की शुरुआत हमेशा एक प्रारंभिक बिंदु (Starting Point) मानकर करनी चाहिए। मुख्य रूप से चार दिशाएँ होती हैं: उत्तर (North), दक्षिण (South), पूर्व (East) और पश्चिम (West)। इनके बीच की उप-दिशाएँ (Sub-directions) जैसे उत्तर-पूर्व (North-East) और दक्षिण-पश्चिम (South-West) का ज्ञान भी अनिवार्य है। जब कोई व्यक्ति उत्तर की ओर देख रहा हो, तो उसका दायां (Right) पूर्व में और बायां (Left) पश्चिम में होगा। पटवारी परीक्षा (Patwari Exam) में ऐसे सवाल आपकी स्थानिक समझ (Spatial Understanding) को परखने के लिए पूछे जाते हैं।
दूरी और न्यूनतम दूरी (Shortest Distance) निकालने के लिए अक्सर पाइथागोरस प्रमेय (Pythagoras Theorem) का उपयोग किया जाता है। यदि कोई व्यक्ति उत्तर में 3 किमी गया और फिर पूर्व में 4 किमी मुड़ा, तो प्रारंभिक बिंदु से उसकी सीधी दूरी 'कर्ण' (Hypotenuse) होगी। सूत्र a^2 + b^2 = c^2 के अनुसार, यह दूरी 5 किमी होगी। रेलवे (Railway Exam) में ऐसे प्रश्न बहुत आम हैं जहाँ आपको दिशा और दूरी दोनों एक साथ बतानी होती है। गणना (Calculation) करते समय दिशाओं के चार्ट (Direction Chart) को अपने रफ पेपर पर बना लेना चाहिए।
छाया (Shadow) वाले प्रश्न उम्मीदवारों को सबसे ज्यादा भ्रमित करते हैं। याद रखें कि सूर्योदय (Sunrise) के समय छाया हमेशा पश्चिम (West) में और सूर्यास्त (Sunset) के समय हमेशा पूर्व (East) में बनती है। यदि दोपहर के 12 बज रहे हैं, तो कोई छाया नहीं बनेगी क्योंकि सूर्य ठीक सिर के ऊपर होता है। सेना भर्ती (Army Bharti) में ऐसे व्यावहारिक प्रश्न मानसिक सतर्कता (Mental Alertness) की जांच के लिए रखे जाते हैं। परछाई की स्थिति से व्यक्ति के मुख की दिशा (Facing Direction) का पता लगाना एक महत्वपूर्ण कौशल (Skill) है।
डाक विभाग (Post Office Exam) में पत्रों के वितरण और मार्ग (Route) से संबंधित दिशा ज्ञान के प्रश्न आ सकते हैं। दाएं और बाएं मुड़ने का अर्थ हमेशा 90 डिग्री (90 Degrees) के कोण पर मुड़ना होता है जब तक कि प्रश्न में कुछ और न कहा जाए। यदि कोई व्यक्ति 45 या 135 डिग्री पर मुड़ता है, तो आपको उप-दिशाओं का उपयोग करना होगा। बार-बार मुड़ने वाले प्रश्नों में केवल अंतिम दिशा (Final Direction) पर ध्यान केंद्रित करें। अपनी नोटबुक (Notebook) को घुमाने के बजाय कल्पना शक्ति (Visualization) का उपयोग करना सीखें।
अभ्यास के लिए घड़ी (Clock) की सुइयों की दिशा वाले प्रश्न भी हल करें। यदि 3 बज रहे हैं और मिनट की सुई उत्तर में है, तो घंटे की सुई किस दिशा में होगी? ऐसे सवाल आपकी तार्किक क्षमता (Reasoning Ability) को चुनौती देते हैं। रेलवे और पटवारी परीक्षाओं के पुराने पेपर्स (Previous Year Papers) में दिशा ज्ञान के कम से कम दो प्रश्न निश्चित रूप से मिलते हैं। जितना अधिक आप मानचित्र (Map) की तरह चित्र बनाकर अभ्यास करेंगे, आपकी सटीकता (Accuracy) उतनी ही बढ़ती जाएगी।