भारत में उत्तरायण के दौरान पतंगबाजी का सबसे शानदार अनुभव गुजरात के अहमदाबाद (Ahmedabad) शहर में मिलता है। यहाँ का 'साबरमती रिवरफ्रंट' (Sabarmati Riverfront) अंतरराष्ट्रीय स्तर के पतंगबाजों का घर बन जाता है, जहाँ विशालकाय और अद्भुत डिजाइनों वाली पतंगें देखी जा सकती हैं। शहर की 'पोल' (Pol) या पुरानी बस्तियों की छतों पर होने वाली पतंगबाजी का रोमांच (Thrill) पूरी दुनिया में प्रसिद्ध है। यहाँ की ऊर्जा और प्रतिस्पर्धा (Competition) का माहौल किसी भी पर्यटक को मंत्रमुग्ध कर सकता है।
राजस्थान का जयपुर (Jaipur) शहर भी उत्तरायण मनाने के लिए एक उत्कृष्ट स्थान है, जहाँ 'जल महल' (Jal Mahal) के पास आसमान पतंगों से ढक जाता है। गुलाबी शहर की ऐतिहासिक इमारतें और नीले आसमान में उड़ती रंगीन पतंगें (Colorful Kites) एक शानदार दृश्य प्रस्तुत करती हैं। यहाँ पतंगबाजी के साथ-साथ पारंपरिक राजस्थानी संगीत (Rajasthani Folk Music) और नृत्य का आनंद भी लिया जा सकता है। यह स्थान संस्कृति और मनोरंजन (Culture and Entertainment) का एक बहुत ही सुंदर मिश्रण पेश करता है।
उत्तर प्रदेश के बनारस (Varanasi) में गंगा के घाटों पर पतंग उड़ाना एक आध्यात्मिक और रोमांचक अनुभव है। पवित्र नदी के किनारे हवा का बहाव पतंगों को बहुत ऊँचाई तक ले जाता है, जो देखने वालों के लिए एक सुखद दृश्य (Pleasant Sight) होता है। यहाँ की शांति और त्यौहार का उल्लास मिलकर एक अनूठा वातावरण निर्मित करते हैं। बनारस की गलियों में मिलने वाली विशेष 'मलइयो' (Malaiyo) जैसी मिठाइयाँ इस उत्सव के आनंद को कई गुना बढ़ा देती हैं।
दिल्ली के ऐतिहासिक स्थलों जैसे लाल किला (Red Fort) और इंडिया गेट के आसपास भी पतंगबाजी की धूम रहती है। यहाँ के खुले मैदान और पार्कों में बच्चे और युवा अपनी पतंगबाजी के कौशल (Kite Flying Skills) का प्रदर्शन करते हैं। राजधानी में विभिन्न समुदायों के लोग एक साथ मिलकर इस पर्व को मनाते हैं, जो भारत की विविधता में एकता (Unity in Diversity) को दर्शाता है। यह स्थान उन लोगों के लिए बेहतरीन है जो शहरी माहौल में त्यौहार की मस्ती ढूँढ रहे हैं।
पतंगबाजी के शौकीनों के लिए हैदराबाद (Hyderabad) का 'नेकलेस रोड' भी एक महत्वपूर्ण केंद्र है, जहाँ बड़े पैमाने पर प्रतियोगिताएं आयोजित की जाती हैं। यहाँ की स्थानीय संस्कृति और दक्षिण भारतीय व्यंजनों (South Indian Cuisine) का मेल इस त्यौहार को और भी विशेष बना देता है। आप चाहे किसी भी शहर में हों, उत्तरायण का असली मजा अपनों के साथ मिलकर आसमान की ऊंचाइयों (Heights of Sky) को छूने में ही है। यह त्यौहार हमें सीमाओं से परे जाकर खुशियाँ बांटने का मौका देता है।