मटके पर चित्रकारी करना या पॉट पेंटिंग (Pot Painting) आजकल पोंगल उत्सव का एक रचनात्मक और आधुनिक हिस्सा (Creative and Modern Part) बन गया है। इसके लिए एक्रिलिक रंगों (Acrylic Colors) का उपयोग करना सबसे अच्छा रहता है क्योंकि वे मिट्टी पर अच्छी तरह चढ़ते हैं और लंबे समय तक बने रहते हैं। आप चमकदार लाल, पीला और नीला (Red, Yellow and Blue) जैसे प्राथमिक रंगों का चुनाव कर सकते हैं। ये रंग उत्सव की उमंग और उत्साह (Excitement and Zeal) को बखूबी बयां करते हैं।
डिजाइन की बात करें तो मटके के मध्य भाग में 'सूरज की किरणें' (Sun Rays) बनाना बहुत ही सार्थक और लोकप्रिय विकल्प है। इसके अलावा, आप धान की बालियां (Paddy Stalks) और छोटे बैलों के चित्र बनाकर ग्रामीण जीवन की झलक दिखा सकते हैं। पोंगल का उबलता हुआ मटका और उसके ऊपर से निकलता हुआ दूध (Spilling Milk) चित्रित करना पोंगल की मुख्य थीम को दर्शाता है। ये कलाकृतियाँ आपके पूजा घर को एक नया और कलात्मक आयाम (Artistic Dimension) प्रदान करती हैं।
यदि आप सूक्ष्म काम करना चाहते हैं, तो मटके पर सफेद रंग से बारीक 'कोलम डिजाइन' (Fine Kolam Designs) उकेर सकते हैं। इन डिजाइनों में बिंदुओं और घुमावदार रेखाओं (Dots and Curved Lines) का उपयोग करके मटके को एक शाही लुक (Royal Look) दिया जा सकता है। गोल्डन पेंट या सुनहरे रंग की रूपरेखा (Golden Outline) का उपयोग करने से मटका विशेष और कीमती लगने लगता है। यह सजावट उत्सव में विलासिता और परंपरा (Tradition and Luxury) का एक अद्भुत मेल है।
बच्चों को मटके पर पेंटिंग करने के लिए प्रोत्साहित करना उन्हें अपनी संस्कृति और हस्तकला (Culture and Craft) से जोड़ने का एक शानदार तरीका है। वे छोटे-छोटे फूल, पत्तियां या अपनी कल्पना से पोंगल की कहानियाँ मटके पर बना सकते हैं। पेंटिंग पूरी होने के बाद उस पर वार्निश (Varnish) का एक कोट लगाने से मटके में चमक आ जाती है और रंग सुरक्षित रहते हैं। यह मटका पूजा के बाद भी घर की सजावट (Home Decor) के एक बेहतरीन शोपीस के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है।
पेंटिंग करते समय मटके की सतह को पहले सैंडपेपर (Sandpaper) से साफ कर लें ताकि रंग एकसमान रूप से लगें। पोंगल मटका पेंटिंग समाज में कलात्मक कौशल (Artistic Skills) को बढ़ावा देने और त्यौहार को रंगीन बनाने का एक अनूठा माध्यम है। यह केवल एक बर्तन नहीं रह जाता, बल्कि एक ऐसी स्मृति बन जाता है जो हर साल पोंगल की याद दिलाती है। रंगों के माध्यम से अपनी भावनाओं को व्यक्त करना ही इस त्यौहार की असली मिठास है।