स्तनों को बड़ा (enlarging breasts) बनाने के लिए की जाने वाली सर्जरी (surgery), जिसे ब्रेस्ट ऑग्मेंटेशन (Breast Augmentation) कहा जाता है, एक लोकप्रिय (popular) तरीका है लेकिन इसके साथ कुछ गंभीर खतरे (serious risks) और जटिलताएँ (complications) जुड़ी हुई हैं जिनके बारे में जानना अत्यंत आवश्यक (absolutely essential) है।
सबसे आम जोखिमों (risks) में संक्रमण (infection) और खून बहना (bleeding) शामिल हैं, जो किसी भी सर्जिकल प्रक्रिया (surgical procedure) में हो सकते हैं। इसके अलावा, एनेस्थीसिया (anaesthesia) से जुड़ी जटिलताएँ (complications) भी हो सकती हैं। स्तनों के आस-पास नसों (nerves) को नुकसान पहुंचने की भी संभावना होती है, जिससे स्तन के निप्पल (nipple) और त्वचा की संवेदनशीलता (sensitivity) में स्थायी बदलाव (permanent change) आ सकता है।
ब्रेस्ट ऑग्मेंटेशन का एक विशिष्ट खतरा कैप्सुलर कॉन्ट्रैक्चर (Capsular Contracture) है। यह तब होता है जब इंप्लांट (implant) के चारों ओर ऊतक (tissue) बहुत अधिक कड़े (tight) हो जाते हैं, जिससे स्तन असामान्य रूप से कठोर (hard) और विकृत (deformed) दिखने लगते हैं। इस जटिलता को ठीक करने के लिए अक्सर अतिरिक्त सर्जरी (additional surgery) की आवश्यकता होती है।
इंप्लांट्स (implants) के साथ अन्य समस्याएं भी हो सकती हैं, जैसे रिसाव (leakage) या टूट जाना (rupture), खासकर सिलिकॉन इंप्लांट (silicone implants) में। यदि इंप्लांट फट जाता है, तो इसके अंदर की सामग्री (material) स्तन के ऊतकों (breast tissues) में फैल सकती है, जिसके लिए इंप्लांट को निकालने (removal) या बदलने (replacement) की आवश्यकता होती है।
सर्जरी के दीर्घकालिक (long-term) खतरों में इम्प्लांट का स्थान बदलना (implant shifting) और ब्रेस्ट इम्प्लांट इलनेस (Breast Implant Illness) शामिल हैं, हालांकि बाद वाले के बारे में वैज्ञानिक समुदाय (scientific community) में अभी भी चर्चा चल रही है। किसी भी सर्जरी से पहले, आपको एक बोर्ड-प्रमाणित प्लास्टिक सर्जन (board-certified plastic surgeon) से जोखिमों और अपेक्षित परिणामों (expected outcomes) पर विस्तृत चर्चा (detailed discussion) करनी चाहिए।