सोनम बाजवा (Sonam Bajwa) नवंबर 2025 में एक विवाद (Controversy) का हिस्सा बन गई थीं, जब उन्होंने अपनी आगामी फिल्म (upcoming film) की शूटिंग (shooting) एक ऐतिहासिक मस्जिद (historical mosque) के अंदर की थी। इस घटना (incident) को लेकर इमाम (Imam) सहित कई धार्मिक नेताओं (religious leaders) और समुदायों (communities) ने आपत्ति (objection) जताई थी, यह आरोप लगाते हुए कि मस्जिद (mosque) के अंदर फिल्माए गए कुछ दृश्य (scenes) आपत्तिजनक (objectionable) थे और उन्होंने धार्मिक स्थल (religious place) की पवित्रता (sanctity) को भंग (violated) किया।
इस विवाद (controversy) के बाद, शाही इमाम (Shahi Imam) ने सोनम (Sonam) और पूरी फिल्म टीम (film team) के खिलाफ शिकायत (complaint) दर्ज कराई और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई (strict action) की मांग (demand) की। यह खबर (news) राष्ट्रीय मीडिया (national media) में फैल गई और सोनम (Sonam) को सोशल मीडिया (Social Media) पर आलोचना (criticism) का सामना करना पड़ा।
सोनम बाजवा (Sonam Bajwa) ने इस पूरे विवाद (controversy) पर सीधे तौर पर कोई विस्तृत बयान (no detailed statement directly) नहीं दिया, लेकिन फिल्म निर्माताओं (filmmakers) ने जल्द ही (soon) क्षमा (apology) जारी कर दी। फिल्म टीम (film team) ने यह स्पष्टीकरण (clarification) दिया कि उनका इरादा (intention) किसी भी धार्मिक भावना (religious sentiment) को ठेस पहुंचाना (hurt) नहीं था और यदि कोई दृश्य (scene) आपत्तिजनक (objectionable) पाया गया, तो उसे फिल्म (film) से हटा दिया जाएगा (will be removed).
इस घटना (incident) ने फिल्म उद्योग (film industry) में एक बड़ी बहस (big debate) छेड़ दी कि धार्मिक स्थलों (religious places) पर शूटिंग (shooting) करते समय संवेदनशीलता (sensitivity) और अनुमति (permission) का ध्यान रखना कितना आवश्यक (essential) है। सोनम (Sonam) के करियर (career) के लिए यह एक नाज़ुक क्षण (delicate moment) था, जिसे उन्होंने और उनकी टीम (team) ने समझदारी (wisdom) से संभाला।
सोनम बाजवा (Sonam Bajwa) ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट (Social Media posts) और अन्य माध्यमों (channels) से अपने प्रशंसकों (fans) को यह संदेश (message) दिया कि वह धार्मिक मान्यताओं (religious beliefs) का सम्मान (respect) करती हैं।