अलबिंदर ढींडसा ने ब्लिंकिट (Blinkit) की शुरुआत पहले 'ग्रोफर्स' के नाम से की थी, जो एक पारंपरिक ऑनलाइन किराना (Online Grocery) स्टोर था। बाजार की बदलती जरूरतों को देखते हुए उन्होंने महसूस किया कि ग्राहकों को अब घंटों या दिनों का इंतजार पसंद नहीं है। उन्होंने अपने पूरे व्यापार मॉडल (Business Model) को बदलकर 10 मिनट की त्वरित डिलीवरी (Quick Commerce) पर ध्यान केंद्रित किया। इस साहसिक कदम ने उन्हें बाजार में एक नई पहचान और तीव्र विकास (Rapid Growth) प्रदान की।
उनकी सफलता के पीछे 'डार्क स्टोर्स' (Dark Stores) का एक विशाल और कुशल नेटवर्क (Network) है। ये छोटे गोदाम शहर के घनी आबादी वाले इलाकों में स्थित होते हैं, जिससे सामान को पैक करने और भेजने में बहुत कम समय लगता है। आधुनिक तकनीक और डेटा एनालिटिक्स (Data Analytics) की मदद से वे यह अनुमान लगा लेते हैं कि किस इलाके में किस सामान की मांग (Demand) सबसे अधिक होगी। इससे इन्वेंट्री का प्रबंधन (Inventory Management) बहुत सटीक हो जाता है।
निवेशकों (Investors) ने उनके इस मॉडल में अपार संभावनाएं देखीं, जिसके कारण उन्हें भारी निवेश (Funding) प्राप्त हुआ। जोमैटो (Zomato) द्वारा अधिग्रहण किए जाने के बाद उनकी वित्तीय स्थिति (Financial Status) और भी मजबूत हो गई। इस पूंजी का उपयोग उन्होंने अपनी डिलीवरी टीम (Delivery Team) को बढ़ाने और तकनीक को और अधिक उन्नत बनाने में किया। आज वे फल, सब्जियों से लेकर इलेक्ट्रॉनिक्स (Electronics) तक सब कुछ मिनटों में पहुँचा रहे हैं।
प्रतिस्पर्धा (Competition) के इस दौर में ब्लिंकिट ने अपनी सेवा की गुणवत्ता (Quality of Service) को प्राथमिकता दी। उन्होंने यह सुनिश्चित किया कि 10 मिनट के वादे के साथ उत्पादों की ताजगी और सुरक्षा (Safety) से कोई समझौता न हो। उनकी मोबाइल ऐप (Mobile App) का यूजर इंटरफेस (User Interface) इतना सरल है कि कोई भी आसानी से ऑर्डर कर सकता है। ग्राहक की सुविधा और समय की बचत ही उनके ब्रांड की सबसे बड़ी ताकत (Strength) बन गई है।
आज ब्लिंकिट एक सफल यूनिकॉर्न (Unicorn) है जिसने भारतीयों के खरीदारी करने के तरीके को पूरी तरह बदल दिया है। उनकी कहानी यह सिखाती है कि समय के साथ खुद को बदलना और नई तकनीक (New Technology) को अपनाना ही व्यापार की लंबी उम्र का राज है। उन्होंने रसद और आपूर्ति श्रृंखला (Supply Chain) में जो मानक स्थापित किए हैं, वे अन्य स्टार्टअप्स के लिए एक उदाहरण हैं। यह स्टार्टअप अब मुनाफे (Profitability) की ओर मजबूती से कदम बढ़ा रहा है।